फ्रांस की भी हरी झंडी, जानें भारत में बनी कोरोना वैक्सीन को कहां-कहां मान्यता

 नई दिल्ली. वैश्विक स्तर पर भारत में निर्मित कोविड वैक्सीन (Covid-19 Vaccine) की मान्यता को लेकर कई तरह के सवाल खड़े किए जाते रहे हैं. लेकिन अब भारत में निर्मित वैक्सीन के प्रभाव को देखकर विश्व के कई देशों ने इसे मान्यता दे दी है. खबर है कि फ्रांस ने भारत में निर्मित कोविड वैक्सीन कोविशील्ड (एस्ट्राजेनेका) को लेकर एक बड़ा फैसला लिया है. फ्रांस ने भारत में बने कोविशील्ड टीका लेने वालों को भी अपने यहां आने की इजाजत दे दी है. पहले कोविशील्ड लेने वालों यहां आने की इजाजत नहीं थी.


फ्रांस से पहले भारत सरकार के हस्तक्षेप के बाद यूरोप के 9 देशों ने सीरम की कोविशील्ड वैक्सीन को मान्यता दी थी. अब कोविशील्ड का टीका लगवाने वाले लोग यूरोप के इन देशों में जा सकेंगे. इसमें ऑस्ट्रिया, जर्मनी, ग्रीस, स्विट्जरलैंड भी शामिल है. एस्तोनिया ने तो यह तक कह दिया कि कोविशील्ड समेत जिन भी वैक्सीन को भारत सरकार ने मान्यता दी है, उनको लगवाने वाले उनके देश में आ सकते हैं. आधिकारिक आंकड़ों के अनुसार अब तक विश्व के 40 देशों ने इंटरनेशनल ट्रैवल के लिए कोविशील्ड वैक्सीन को मंजूरी दी है. आइए देखते हैं उन देशों की लिस्ट…

• जर्मनी

• स्लोवेनिया

• ऑस्ट्रिया

• यूनान

• आयरलैंड

• एस्टोनिया

• स्पेन

• आइसलैंड

• स्विट्ज़रलैंड

• नीदरलैंड

• अफगानिस्तान

• अंतिगुया और बार्बूडा

• अर्जेंटीना

• बहरीन

• बांग्लादेश

• बारबाडोस

•भूटान

• बोलीविया (बहुसंख्यक राज्य)

• बोत्सवाना

• ब्राजील

• काबो वर्दे

• कनाडा

• कोटे डी आइवर

• डोमिनिका

• मिस्र

• इथियोपिया

• घाना

• ग्रेनेडा

• हंगरी

• जमैका

• लेबनान

• मालदीव

• मोरक्को

• नामीबिया

• नेपाल

• नाइजीरिया

• संत किट्ट्स और नेविस

• सेंट लूसिया

• संत विंसेंट अँड थे ग्रेनडीनेस

• सेशेल्स

• सोलोमन इस्लैंडस

• सोमालिया

• दक्षिण अफ्रीका

• श्रीलंका

• सूरीनाम

• बहामा

• टोंगा

• त्रिनिदाद और टोबैगो

• यूक्रेन

बता दें कि पूरे भारत में इसी साल 16 जनवरी से वैक्सीनेशन अभियान की शुरुआत हुई थी. भारत ने एस्ट्राजेनेका-ऑक्सफोर्ड वैक्सीन ‘कोविशील्ड’ जिसे सीरम इंस्टीट्यूट ऑफ इंडिया द्वारा स्थानीय रूप से निर्मित किया गया है और भारत बायोटेक द्वारा बनाए गए कोवैक्सिन के साथ टीकाकरण अभियान की शुरुआत की थी.