Roger Binny Birthday: रोजर बिन्नी ने टीम इंडिया को दिया था युवराज सिंह-मोहम्मद कैफ जैसा नायाब हीरा

 नई दिल्ली. भारत के पूर्व ऑलराउंडर रोजर बिन्नी (Roger Binny) का आज 66वां जन्मदिन है. भारत के पहले एंग्लो-इंडियन क्रिकेटर बिन्नी का जन्म 19 जुलाई 1955 को बेंगलुरू में हुआ था. बिन्नी ने 1983 वर्ल्ड कप (1983 World Cup) में टीम इंडिया की जीत की इबारत लिखी थी और विश्व कप में सबसे ज्यादा विकेट झटके थे. बिन्नी भारत अंडर 19 के कोच और  टीम इंडिया की सिलेक्शन कमिटी में भी रहे हैं. साल 2000 में जब भारतीय टीम ने श्रीलंका (India vs Sri Lanka) को हराकर अंडर 19 वर्ल्ड कप का खिताब जीता था तो बिन्नी भारत के कोच थे.


रोजर बिन्नी ने भारत की ओर से साल 1979 से 1987 तक 27 टेस्ट और 72 वनडे मैच खेले. उन्होंने साल 1979 में बेंगलुरू टेस्ट में पाकिस्तान के खिलाफ डेब्यू किया था. उन्होंने 27 टेस्ट मैचों में 830 रन बनाए, वहीं 72 वनडे खेलकर 629 रन बनाए. टेस्ट करियर में उन्होंने 47 विकेट लिए, वहीं वनडे करियर में कुल 77 विकेट लिए.


1983 वर्ल्ड कप के गुमनाम हीरो
83 के वर्ल्ड कप के बारे में अक्सर कपिल देव की 175 रनों की पारी, मदनलाल की शानदार गेंदबाजी और मोहिंदर अमरनाथ के ऑलराउंड प्रदर्शन की चर्चा होती है. हालांकि वर्ल्ड कप में बिन्नी ने सबसे अधिक 18 विकेट झटके थे. उन्होंने 8 मैचों में कुल 88 ओवर की गेंदबाजी की थी और सिर्फ 336 रन खर्च किए थे. उनका सर्वश्रेष्ठ प्रदर्शन 4/29 रहा था. वेस्टइंडीज के खिलाफ फाइनल में भारतीय टीम ने सिर्फ 183 रन बनाए थे. कम स्कोर का बचाव करते हुए बिन्नी ने 11 ओवर में सिर्फ 23 रन देकर एक विकेट झटका था. बिन्नी ने कैरेबियन कप्तान और दो बार के वर्ल्ड कप विजेता क्लाइव लॉयड (8) को आउट किया था.

इसके अलावा 1985 में ऑस्ट्रेलिया में हुई वर्ल्ड सीरीज क्रिकेट चैम्पियनशिप में भी बिन्नी ने कोहराम मचाया था. उन्होंने इस टूर्नामेंट में 17 विकेट झटके थे. रोजर बिन्नी को ‘प्यारा इनसान’ बताते हुए एक बार कपिल देव ने कहा था कि वह कप्तान के कहने पर कुछ भी कर सकते थे.

संन्यास के बाद कोच बने
बिन्नी ने भारतीय अंडर 19 टीम को कोचिंग दी है. उन्होंने ही मोहम्मद कैफ और युवराज सिंह को पहली बार परखा और ये खिलाड़ी सालों तक टीम इंडिया का अहम हिस्सा रहे. बिन्नी के नेतृत्व में भारतीय टीम साल 2000 में पहली बार अंडर 19 वर्ल्ड कप विजेता बनी थी. मोहम्मद कैफ की कप्तानी वाली टीम ने कोलंबो में खेले गए फाइनल में श्रीलंका को छह विकेट से मात दी थी. भारत के स्टार ऑलराउंडर युवराज सिंह मैन ऑफ द टूर्नामेंट रहे थे.



मोहम्मद कैफ को वर्ल्ड कप जीतने के दो महीने बाद और युवराज सिंह को तीन महीने बाद टीम इंडिया से बुलावा आ गया.