Rajasthan: पूर्व विधायक पर हमले के आरोपी को दे दिया गैलेंट्री प्रमोशन, मामला खुलने के बाद अधिकारी एक-दूसरे को दे रहे दोष

 राजस्थान (Rajasthan) में पूर्व विधायक निर्भय लाल जाटव (Former MLA Nirbhay Lal Jatav) के घर में घुसकर जानलेवा हमला करने के ही आरोपी कांस्टेबल को प्रदेश पुलिस मुख्यालय के अधिकारियों ने गैलेंट्री प्रमोशन का अवार्ड दिया है. जब इस मामले की पोल खुली तो पुलिस मुख्यालय, आईजी रेंज, और दो जिलों के पुलिस अधीक्षक एक-दूसरे पर आरोप- प्रत्यारोप करने में लगे हुए हैं. वहीं पुलिस मुख्यालय के अधिकारियों ने बतया कि आईजी रेंज से मिले प्रस्ताव में आरोपी कांस्टेबल पर हुए मुकदमे की जानकारी को छुपाया गया है. ये जांच का विषय है.

दरअसल पुलिस मुख्यालय ने अभी हाल ही एक एएसआई को एसआई, पांच हैड कांस्टेबल को एएसआई और 22 कांस्टेबल को हैड कांस्टेबल बनाकर गैलेंट्री प्रमोशन दिया था. वहीं भरतपुर जिले में पोस्टेड़ संतोष कुमार को भी हैड कांस्टेबल से एएसआई के पद पर उनके सराहनीय काम करने के लिए गैलेंट्री प्रमोशन दिया गया. जबकि संतोष के खिलाफ पूर्व विधायक पर हमला करने का मुकदमा कोर्ट में पंजीकृत होने के बाद भी अधिकारियों ने उसका प्रमोशन कर दिया. जबकि पुलिस नियमावली के मुताबिक यदि किसी पुलिसकर्मी पर कोई मुकदमा दर्ज होने पर उसे गैलेंट्री प्रमोशन नहीं दिया जा सकता है.

11 साल पहले हुआ था विधायक पर हमला

बीते 11 साल पहले 23 सितंबर, 2009 में पूर्व विधायक निर्भय लाल जाटव के घर में घुसकर पुलिसकर्मी संतोष कुमार, डकैत पप्पू गुर्जर समेत पांच लोगों ने जानलेवा हमला किया था. इस मामले में पुलिस ने आरोपियों को गिरफ्तार भी कर लिया था और उनके खिलाफ कोर्ट में चालान भी पेश हो चुका है. पुलिस के मुताबिक हमला करने की वजह पूर्व विधायक द्वारा एक मारपीट के मुकदमे में एक पक्ष की पैरवी करना था.

मुकदमा दर्ज होने पर नहीं हो सकता प्रमोशन

इस मामले में पुलिस मुख्यालय के अधिकारी एडीजी क्राइम ने कहा कि यदि किसी के खिलाफ मामला दर्ज है और कोर्ट में ट्रायल चल रहा है तो ऐसे में उस पुलिसकर्मी को गैलेंट्री प्रमोशन नहीं दिया जा सकता हैं. भरतपुर आईजी रेंज और एसपी द्वारा भेजी गई रिपोर्ट के आधार पर प्रमोशन दिया गया था. उन्होंने पुलिसकर्मी पर मुकदमें दर्ज होने की सूचना नहीं दी है.

एक-दूसरे पर टालने में लगे हैं अफसर

वहीं भरतपुर आईजी रेंज ने बताया कि पुलिसकर्मी संतोष के खिलाफ कोई मुकदमा दर्ज था, इसकी मुझे जानकारी नहीं थी. मेरे पास तो एसपी भरतपुर द्वारा प्रोन्नति फाइल बनाकर भेजी गई थी. तो मैने उस फाइल को पुलिस मुख्यालय भेज दिया था. उधर, एसपी ने कहा कि आरोपी पुलिसकर्मी का गैलेंट्री अभी हुआ है. पूर्व विधायक पर हमला कराने के मामले की जानकारी मुझे नहीं है. ये रिपोर्ट मेरे यहां पर एसपी होने से पहले ही चली गई होगी. मैने तो बस रिमाइंडर भेजा था.