IND vs ENG: विराट कोहली आज भी करते हैं अपने पिता को मिस, कहा- वो आज यहां होते तो क्या होता

 नई दिल्ली. भारत और इंग्लैंड के बीच 4 अगस्त से नॉटिंघम (IND vs ENG Test) में 5 टेस्ट की सीरीज का आगाज होगा. इससे पहले टीम इंडिया के कप्तान विराट कोहली (Virat Kohli) ने स्काय स्पोर्ट्स के लिए कमेंट्री कर रहे दिनेश कार्तिक (Dinesh Karthik) से एक इंटरव्यू में खुलकर बात की. इसमें विराट ने अपने पिता से रिश्ते, अनुष्का से पहली मुलाकात का जिक्र किया. कार्तिक ने अपने सोशल मीडिया अकाउंट पर इस इंटरव्यू से जुड़ा एक टीजर साझा करते हुए लिखा है कि यह हफ्ता कितना अच्छा रहेगा. क्रिकेट के सुपरस्टार से पिता बनने तक, उनसे जिंदगी, लीडरशिप और प्यार को लेकर बात की. हालांकि, कार्तिक ने यह नहीं बताया कि विराट का यह पूरा इंटरव्यू कब आएगा.


पिता की कमी महसूस होने से जुड़े सवाल पर कोहली ने कहा कि उन्होंने मुझे भारत के लिए खेलते हुए नहीं देखा है. लेकिन अब अपनी बेटी के साथ, मुझे खेलते देख मां के चेहरे पर खुशी दिखाई देती है. आप बैठकर सोचें कि अगर वह यहाँ होते, तो क्या होता. कोहली ने 2006 में अपने पिता को खो दिया था. तब वो दिल्ली के लिए घरेलू क्रिकेट खेल रहे थे. इसके कुछ साल बाद उन्होंने टीम इंडिया के लिए डेब्यू किया था.

कार्तिक ने इस इंटरव्यू का जो टीजर शेयर किया है. इसमें उन्होंने अनुष्का शर्मा से हुई अपनी पहली मुलाकात से जुड़ी कहानी भी सुनाई है. उन्होंने कहा कि मैं अनुष्का के साथ शुरुआत से ही मजाक करता था. उसने इसे लेकर कहा भी था कि यह पहली बार हुआ, जब मैंने किसी को उन चीजों के बारे में मजाक करते देखा, जो मैंने अपने बचपन में अनुभव किया था. यही हमारे रिश्ते के बीच का कनेक्शन था.


कई साल रिश्ते में रहने के बाद विराट और अनुष्का शर्मा ने 2017 में इटली में शादी कर ली थी. इसी साल जनवरी में दोनों एक बेटी के पैरेंट्स बने हैं.


मैं इंग्लैंड के खिलाफ सरेंडर नहीं करूंगा: विराट
उन्होंने आगे कहा कि भारतीय क्रिकेट टीम के लिए इंग्लैंड में सीरीज जीतना वाकई बड़ी बात होगी. हम पहले भी ऐसा कर चुके हैं. लेकिन फिर भी मेरे लिए यह बहुत ज्यादा मायने नहीं रखता. अगर हम टेस्ट मैच हार भी रहे होंगे, तब भी मैं जीत के लिए ही जाऊंगा. ना की हथियार डाल दूंगा. मेरे लिए निजी रिकॉर्ड के कोई मायने नहीं हैं. अगर मैं माइलस्टोन के लिए खेलता, तो मैंने अपने करियर में जो हासिल किया है, उसका आधा भी नहीं कर पाता.