IND vs ENG: रोहित शर्मा के आउट होने के तरीके पर हंगामा, ‘हिटमैन’ ने इस अंदाज दिया कोसने वालों को जवाब

 भारत के सलामी बल्लेबाज रोहित शर्मा (Rohit Sharma) इंग्लैंड के खिलाफ पहले टेस्ट में अच्छी शुरुआत का फायदा नहीं उठा पाए. वे 36 रन की जुझारू पारी खेलने के बाद पुल शॉट खेलकर आउट हुए. रोहित शर्मा के आउट होने का तरीका काफी ढीला था. इस वजह से उनके इस शॉट की आलोचना हो रही है. कहा गया कि उन्होंने एक बार फिर से अच्छी शुरुआत के बाद विकेट फेंक दिया. हालांकि रोहित शर्मा ने अपने शॉट का बचाव किया है. उनका कहना है कि यदि गेंद उनके पाले में आएगी तो वे अपने शॉट खेलेंगे. भारतीय बल्लेबाज ने नॉटिंघम टेस्ट में 100 से ज्यादा गेंदों का सामना किया और इंग्लैंड के गेंदबाजों का शानदार तरीके से सामना किया. मगर लंच से ठीक पहले ऑली रॉबिनसन की छोटी गेंद पर वे बाउंड्री के पास सैम करन के हाथों लपके गए.

भारत ने दूसरे दिन के खेल की समाप्ति चार विकेट पर 125 रन के साथ की. रोहित शर्मा और केएल राहुल ने पहले विकेट के लिए 97 रन जोड़े थे. लेकिन रोहित के जाने के बाद जेम्स एंडरसन ने जादू बिखेरा और दो गेंदों में चेतेश्वर पुजारा और विराट कोहली को आउट कर दिया. इंग्लैंड की टीम पहली पारी में 183 रन पर सिमट गई थी. दूसरे दिन बारिश और खराब रोशनी के चलते डेढ़ सेशन का खेल ही हो सका. दूसरे दिन के खेल के बाद रोहित शर्मा ने पत्रकारों से कहा, जैसा कि आपने कहा कि यह मेरा शॉट था तो मुझे ऐसे शॉट खेलने होंगे. पहले घंटे में हमने देखा कि हमें ढीली गेंदें नहीं मिलीं और उनके गेंदबाजों ने काफी अनुशासन के साथ बॉलिंग की. इसलिए आपको अपने मौके बनाने होंगे. जब भी गेंद वहां पर होगी तो आपको उसे मारना होगा. निसंदेह जब खेल थमने वाला होता है तब आप निराश होते हैं और मुझे भी ऐसा ही लगा.

रोहित बोले- अपने शॉट्स के लिए तैयार रहना चाहिए

उन्होंने आगे कहा,

आपको अपने शॉट खेलने के लिए तैयार रहना चाहिए क्योंकि उनके गेंदबाज काफी अनुशासित थे. ऐसे में जो गेंद आपके पाले में है उसे दूर भेजना होगा. मैं और केएल जब बैटिंग कर रहे थे और हम यही कर रहे थे. यदि लगेगा कि एक-दो शॉट लगाने चाहिए तो हम उससे पीछे नहीं हटेंगे. हम वे शॉट खेलेंगे. ऐसा करते हुए यदि आउट भी होते हैं तो हां, निराशा होती है लेकिन उसी गेंद पर आउट होने के बजाए बाउंड्री मिले तो… अगर गेंद चार या पांच कदम इधर-उधर होती तो कुछ भी हो सकता था.

रोहित ने कहा कि यही उनकी मानसिकता थी. यदि गेंद उनके एरिया में गिरेगी तो उन्हें शॉट खेलने होंगे. उन्होंने साथ ही कहा कि मिडिल ऑर्डर की फॉर्म चिंता की बात नहीं है.