IND VS ENG: रवींद्र जडेजा ने विराट कोहली के फैसले को सही किया साबित, नॉटिंघम में चलाई ‘तलवार’

 नई दिल्ली. इंग्लैंड के खिलाफ नॉटिंघम टेस्ट (India vs England, 1st Test) में जब विराट कोहली (Virat Kohli) ने अपनी प्लेइंग इलेवन का ऐलान किया था तो कई लोगों ने भारतीय कप्तान पर सवाल खड़े कर दिये थे. दरअसल टीम इंडिया की प्लेइंग इलेवन में सबसे शानदार टेस्ट गेंदबाज रविचंद्रन अश्विन की जगह रवींद्र जडेजा (Ravindra Jadeja) को बतौर स्पिनर मौका दिया गया था. फैंस ने सवाल खड़े किये लेकिन विराट कोहली ने जडेजा को क्यों अश्विन पर वरीयता दी थी ये बात नॉटिंघम टेस्ट के तीसरे दिन सबको पता चली. जिस पिच पर भारत के कप्तान विराट कोहली, चेतेश्वर पुजारा और अजिंक्य रहाणे जैसे बल्लेबाजों को रन बनाने में दिक्कत हुई, वहां रवींद्र जडेजा ने शानदार अर्धशतक ठोका.


रवींद्र जडेजा ने पहली पारी में 8 चौके और एक छक्के की मदद से 56 रन बनाए. जडेजा ने ओपनर केएल राहुल के साथ 60 रनों की साझेदारी की और टीम इंडिया को इंग्लैंड पर बढ़त दिलाने में बेहद अहम भूमिका अदा की. जब जडेजा क्रीज पर आए थे तो भारत ऋषभ पंत का विकेट ले चुका था और इंग्लैंड राहत की सांस लेने में जुटा था. लेकिन जडेजा ने क्रीज पर आते ही अपने बल्ले का दम दिखाना शुरू किया. पहले संभलकर खेले और जब केएल राहुल आउट हुए तो ताबड़तोड़ अंदाज भी दिखाया. ऑली रॉबिनसन की गेंद पर चौका जड़ रवींद्र जडेजा ने अपने टेस्ट करियर का 16वां अर्धशतक पूरा किया और उसके बाद उन्होंने तलवार की तरह बैट चलाकर इसका जश्न भी मनाया.

जडेजा ने हासिल की बड़ी उपलब्धि
अपनी अर्धशतकीय पारी के दौरान रवींद्र जडेजा ने एक बड़ी उपलब्धि भी हासिल की. जडेजा ने टेस्ट क्रिकेट में 2000 रन पूरे किये और वो दुनिया के महज पांचवें क्रिकेटर बने जिसने टेस्ट में 200 विकेट और 2000 रनों का आंकड़ा छुआ है. जडेजा ने 53वें टेस्ट मैच में ये उपलब्धि हासिल की वहीं अश्विन ने इसे 51, इमरान खान और कपिल देव ने 50-50 और इयान बॉथम ने 42 मैचों में इसे हासिल किया था.

जडेजा पर था खुद को साबित करने का दबाव
बता दें रवींद्र जडेजा पर नॉटिंघम में खुद को साबित करने का भी दबाव था. जडेजा पहली पारी में गेंद से योगदान नहीं दे पाए थे. इस ऑलराउंडर को महज 3 ही ओवर मिले, जिसमें उन्हें कोई कामयाबी नहीं मिली. लेकिन जब बात बल्लेबाजी की आई तो जडेजा टीम इंडिया के भरोसे पर खरे उतरे. जडेजा और केएल राहुल की अर्धशतकीय पारियों के दम पर भारत तीसरे दिन का खेल खत्म होने तक मजबूत स्थिति में है. पहली पारी में भारत को 95 रनों की बढ़त हासिल हुई है. चौथे दिन जरूर टीम इंडिया मैच पर अपनी पकड़ मजबूत करना चाहेगी.