चन्द्रगुप्त मौर्य कौन से ई.पू.में सिंहासन पर बैठा?

नमस्कार दोस्तों आज हम आपको मौर्यकाल के बारे में कुछ महत्वपूर्ण तथ्यों के बारे में बताने जा रहे है। जो सभी प्रतियोगी परीक्षाओं के लिए बहुत महत्वपूर्ण है। तो आइये जानते है सभी प्रतियोगी परीक्षाओं में इतिहास से पूछे जाने वाले महत्वपूर्ण तथ्य, भाग 4।

 

सभी प्रतियोगी परीक्षाओं में इतिहास से पूछे जाने वाले महत्वपूर्ण तथ्य, भाग 4

  1. कौटिल्य के ‘अर्थशास्त्र’ में राजनीतिक पहलू पर प्रकाश डाला गया है।
  2. विशाखदत्त के ग्रंथ मे चन्द्रगुप्त मौर्य का विशिष्ट रूप से वर्णन हुआ है।
  3. मौर्य साम्राज्य में विकास हुआ:- संस्कृति,कला,साहित्य, सोने के सिक्के और प्रांतीय विभाजन के क्षेत्र में।
  4. चोल,पाण्डय,सतियपुत्र,केरलपुत्र,विष्णुकुंड आदि दक्षिण भारतीय जातियों का उल्लेख अशोक के शिलालेख में किया गया है ।
  5. बौद्ध ग्रंथ दिव्यावदान अशोक की धम्मयात्राओं का विवरण देता है।
  6. मौर्यकाल के पारंपरिक सैनिको को मौल कहा जाता है।
  7. चंद्रगुप्त मौर्य की तिथि की जानकारी यूनानी स्त्रोत से प्राप्त होती हैं।
  8. अशोक का सबसे लंबा स्तंभ लेख भाब्रू अभिलेख है।
  9. मौर्यकाल में दास प्रथा प्रचलित थी।
  10. टीफेन थैलर द्वारा ढूंढा गया अशोक का प्रथम अभिलेख अशोक स्तम्भ है।
  11. इण्डिका ग्रंथ में पाटलिपुत्र प्रशासन का वर्णन किया गया था।
  12. अशोक का प्रसिद्ध स्तम्भ जो प्रारंभ में कौशाम्बी में स्थित था,प्रयाग में समुद्रगुप्त द्वारा शासक द्वारा लाया गया।
  13. विदेशियो को भारतीय समाज में मनु द्वारा दिया गया सामाजिक स्तर व्रात्य क्षत्रियो का था।
  14. बिम्बिसार,गौत्तम बुद्ध,प्रसेनजित तीनों समसामयिक थे जबकि मिलिंद तीनों के समसामयिक नहीं था।
  15. चन्द्रगुप्त मौर्य 322ई.पू.में सिंहासन पर बैठा।
  16. मौर्य वंश का शासन 137 वर्षो तक चला।
  17. मौर्य वंश को स्थापित करने में चाणक्य(विष्णुगुप्त)का प्रमुख योगदान था।
  18. चन्द्रगुप्त मौर्य ने सेल्यूकस निकेटर को 305 ई.पू. युद्ध में हराया।
  19. मेगस्थनीज सेल्यूकस निकेटर का राजदूत था।
  20. मेगास्थनीज चन्द्रगुप्त मौर्य के समय में मौर्य दरबार में आया था।

दोस्तों अगर आपको हमारी खबर अच्छी लगी हो तो आप लाइक और दोस्तों के साथ शेयर जरूर करें और साथ ही हमारे चैनल को फॉलो करना ना भूलें धन्यवाद।

Comments are closed.