अगर विराट कोहली का परिवार नहीं लेता या बड़ा निर्णय तो आज शायद कोहली पाकिस्तानी टीम के कप्तान होते

भारतीय क्रिकेट टीम के कप्तान कोहली आज अपना 31वां जन्मदिन मना रहे है। विराट कोहली भारतीय क्रिकेट टीम के लाजवाब कप्तान एवं विश्व क्रिकेट की दुनिया के बेहतरीन बल्लेबाज है, यह तो शायद सभी जानते होंगे। विराट कोहली ने क्रिकेट जगत में अपना काफी नाम कमाया हुआ है और विराट कोहली की गिनती वर्ल्ड के सर्वश्रेष्ठ बल्लेबाजों में से की जाती है।

विराट कोहली ने खेल की दुनिया में कई रिकॉर्ड कायम किए है जिन रिकॉर्ड को तोड़ पाना हर किसी खिलाड़ी के बस की बात नहीं होगी। अभी हाल ही में ‘न्यूज़18 हिंदी’ ने विराट कोहली और उनके परिवार से जुड़ी एक अनसुनी बात शेयर कर दी है जिससे आज हम आपको अवगत कराने जा रहे है। भारत में अब भी हजारों लोग 1947 में हुए देश के बंटवारे के दर्द को भूल नहीं सके है। 15 अगस्त 1947 को हमारा देश आजाद हुआ था।

15 अगस्त 1947 के बाद कई खिलाड़ी एक दूसरे के विरोधी बनकर मैदान में खेलने उतरे थे। खेल के मैदान पर भारत के पड़ोसी मुल्क पाकिस्तान की टीम में एक नाम विराट कोहली का भी हो सकता था, अगर उनका परिवार यह अहम फैसला ना लेता। इसी बटवारे का दर्द विराट कोहली के परिवार ने भी झेला था। विराट कोहली का परिवार पाकिस्तान से 1947 में मध्य प्रदेश के कटनी शहर में आ गया था।

इतना ही नहीं इसके बाद अगले 14 साल तक उनके पिता प्रेम कोहली ने इसी शहर में मुकाम हांसिल किया था। 1962 में विराट कोहली के पिता प्रेम कोहली अपने परिवार के साथ दिल्ली में शिफ्ट हो गए थे, यहीँ नहीं विराट का जन्म भी दिल्ली में ही हुआ था। मध्य प्रदेश के कटनी में अपने परिवार से मिलने विराट आखिर बार 11 साल पहले यानी साल 2005 में गए थे। इसके बाद वे फिर कभी कटनी शहर नहीं जा सके। विराट कोहली के पिता ने दिल्ली में ही कारोबार जमाया था तो उनके भाई और भाभी ने कटनी में राजनीति के मैदान पर परचम लहराया।

Comments are closed.